अंडरग्राउंड मुजतबा खामेनेई ने इराक भेजा खास मैसेज, जनता से कही ये बड़ी बात, अमेरिका की बढ़ी टेंशन

अंडरग्राउंड मुजतबा खामेनेई ने इराक भेजा खास मैसेज, जनता से कही ये बड़ी बात, अमेरिका की बढ़ी टेंशन

ईरान, ईरान के नए सर्वोच्च नेता मुजतबा खामेनेई ने इराक के प्रति आभार व्यक्त करते हुए अपना पहला संदेश जारी किया। उनके स्वास्थ्य और स्थान को लेकर ट्रंप प्रशासन की अटकलें तेज हैं।

अमेरिका और इजरायल के हमलों के बीच, ईरान के नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई ने एक नया लिखित संदेश जारी किया है। ईरानी मीडिया ने रविवार को बताया कि इस संदेश में उन्होंने इराक के लोगों का धन्यवाद किया, जिन्होंने ईरान के खिलाफ आक्रामकता के समय उनका समर्थन किया। मुजतबा अपने पिता और ईरानी क्रांति के संस्थापक आयतुल्लाह अली खामेनेई की मृत्यु के बाद से तीसरे सर्वोच्च नेता बने हैं।

हालांकि, वे अब तक सार्वजनिक रूप से नहीं दिखाई दिए हैं और केवल कुछ लिखित बयान ही सामने आए हैं। उनके सार्वजनिक रूप से नहीं दिखने के कारण अमेरिकी मीडिया और डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन उनकी हालत और स्थान को लेकर अटकलें लगा रहे हैं।

मुजतबा ने की इराकी जनता की तारीफ
ईरानी सरकारी टेलीविजन और कुछ अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि वे हवाई हमले में लगी चोटों से उबर रहे हैं। ISNA न्यूज एजेंसी ने बताया कि संदेश में मुजतबा खामेनेई ने इराक में सर्वोच्च धार्मिक नेता और आम जनता के प्रति अपनी सराहना जताई। उनका इशारा ग्रैंड अयातुल्ला अली सिस्तानी की ओर था, जो शिया इस्लाम में अत्यंत सम्मानित व्यक्तित्व हैं।

यह संदेश इराक की इस्लामिक सर्वोच्च परिषद और बगदाद में ईरानी राजदूत के बीच हुई बैठक के बाद जारी किया गया। हालांकि, संदेश किस माध्यम से भेजा गया, इसकी कोई जानकारी नहीं दी गई। ईरानी मीडिया समय-समय पर उनकी तस्वीरें प्रकाशित करता रहता है, लेकिन यह स्पष्ट नहीं करता कि ये तस्वीरें हाल की हैं या पुरानी। उनके आधिकारिक टेलीग्राम और एक्स अकाउंट भी सक्रिय हैं।

कहां हैं मुजतबा खामेनेई?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में कहा था कि वाशिंगटन ईरान के किसी शीर्ष अधिकारी से बातचीत कर रहा है, लेकिन यह व्यक्ति सर्वोच्च नेता नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें मुजतबा खामेनेई के जीवित होने की पुष्टि नहीं है और। इन संकेतों से प्रतीत होता है कि ईरान का नया नेता किसी सुरक्षित और गुमनाम स्थान पर इलाज करा रहे हैं या सुरक्षा कारणों से सार्वजनिक नहीं हुए हैं, क्योंकि इजरायल ने उनकी हत्या की धमकी भी दी थी।

ट्रंप ने किया बातचीत का दावा
साथ ही, अमेरिका और ईरान के बीच परोक्ष बातचीत चल रही है, जिसमें पाकिस्तान के दूत मध्यस्थता कर रहे हैं। ट्रंप ने मीडिया को बताया कि यह वार्ता सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ रही है। हालांकि, उन्होंने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर किसी संघर्ष-विराम समझौते के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी साझा नहीं की।

दीदार ए हिन्द की रीपोर्ट

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