ईरानी राष्ट्रपति पेजेशकियान ने युद्ध से हुए नुकसान को स्वीकार किया, कहा- ईरान राष्ट्र की रक्षा करने में सक्षम
ईरानी राष्ट्रपति पेजेशकियान ने युद्ध से हुए नुकसान को स्वीकार किया, कहा- ईरान राष्ट्र की रक्षा करने में सक्षम
तेहरान, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियान ने युद्ध से हुए नुकसान को स्वीकार करते हुए सोमवार को कहा कि अमेरिका-इजराइल के साथ चल रहे युद्ध के दौरान उनके देश को काफी नुकसान उठाना पड़ा है, लेकिन इसके बावजूद यह देश ‘मजबूती के साथ अपने राष्ट्र के अधिकारों की रक्षा करने में पूरी तरह सक्षम’ है
अपने मंत्रिमंडल के कई सदस्यों की उपस्थिति में कार्यकारी एजेंसियों के साथ हुई बैठक में पेजेशकियान ने कहा, “ईरानी नेताओं को ऐसी किसी भी भाषा या आवाज से बचना चाहिए, जो फूट पैदा करती हो, लेकिन हमें हकीकत का भी सामना करना होगा। ऐसा नहीं है कि हमें कोई नुकसान नहीं पहुंचा है।”
सरकारी टीवी पर प्रसारित अपने बयान में उन्होंने कहा, “नेतृत्व के पद पर बैठे किसी भी व्यक्ति को अपने समाज और अपनी जनता से ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ बात करनी चाहिए।”
कट्टरपंथी रुख को आगे बढ़ाने के बावजूद पेजेशकियान काफी हद तक यथार्थवादी भी रहे हैं। युद्ध के नुकसान, आर्थिक तंगी और साथ ही सरकार की कमियों को स्वीकार करने में वे सबसे मुखर आवाज रहे हैं, जो उन्हें ईरान के शीर्ष नेतृत्व में सबसे प्रमुख शख्सियतों में से एक बनाता है।
उन्होंने कहा, “भ्रामक जानकारी, झूठे संदेश या ऐसी हकीकत दिखाना, जिसमें ‘वे बर्बाद हो रहे हैं और हम फल-फूल रहे हैं’, पूरी तरह अस्वीकार्य है। सच तो यह है कि चुनौतियों का सामना हम और विरोधी दोनों ही कर रहे हैं।”
श्री पेज़ेशकियान ने इस बात पर जोर दिया कि ईरान कूटनीति के रास्ते पर आगे बढ़ना जारी रखेगा, लेकिन वह “किसी दबाव के आगे नहीं झुकेगा। हम आराम या सहूलियत के लिए अपने देश की गरिमा और सम्मान का सौदा नहीं करेंगे। हमारे पास ठोस कारण और स्पष्ट औचित्य हैं। हम अपनी जनता के समर्थन से मजबूती से अपने राष्ट्र के अधिकारों की रक्षा करने में पूरी तरह सक्षम हैं।”
दीदार ए हिन्द की रीपोर्ट